अरिजीत सिंह बहुत कम समय में बॉलीवुड के टॉप सिंगर और म्युजिशियन की लिस्ट में शामिल हो गए थे. 25 अप्रैल 1987 को जन्मे अरिजीत का सफर चार्ट-टॉपर्स और सोल्ड-आउट कॉन्सर्ट्स से बहुत पहले शुरू हो गया था. सिर्फ 18 साल की उम्र में, उन्होंने अपने गुरु राजेंद्र प्रसाद हजारी के प्रोत्साहन पर 2005 में ‘फेम गुरुकुल’ में हिस्सा लिया.
अरिजीत सिंह ‘फेम गुरुकुल’ शो नहीं जीत पाए, लेकिन फिल्ममेकर संजय लीला भंसाली ने उनकी प्रतिभा जल्दी पहचान ली. इसके बाद कई सालों की मेहनत- मुंबई में किराए के घरों में रहना, म्यूजिक प्रोग्रामर के तौर पर काम करना, अपना स्टूडियो सेटअप करना, और शंकर-एहसान-लॉय, विशाल-शेखर, मिथुन और प्रीतम जैसे कंपोजर्स के साथ पर्दे के पीछे किया. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @arijitsingh)

अरिजीत सिंह ने साल 2011 में आई फिल्म ‘मर्डर 2’ से बतौर सिंगर बॉलीवुड डेब्यू किया. उन्होंने फिल्म का ‘फिर मोहब्बत’ गाना गाया. साल 2013 में आई ‘आशिकी 2’ का तुम ही हो गाया. साल 2014 से 2019 तक लगातार हिट पर गाने दिए. ग्लोबल टूर किए और स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म पर टॉप रहे. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @arijitsingh)

साल 2018 में ‘बिंते दिल’ और 2022 में ‘केसरिया’ के लिए बेस्ट मेल प्लेबैक सिंगर का नेशनल अवॉर्ड्स जीता. इसके अलावा 8 बार फिल्मफेयर अवॉर्ड भी जीते. उन्हें साल 2025 में पद्मश्री अवॉर्ड से भी सम्मानित किया गया. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @arijitsingh)
Add News18 as
Preferred Source on Google

अरिजीत सिंह ने हिंदी, बंगाली, असमिया समेत 10 से ज्यादा भाषाओं में 715 गाने गाए हैं. स्पॉटिफाई ने उन्हें लगातार सात साल तक सबसे ज्यादा स्ट्रीम किए गए भारतीय कलाकार का खिताब दिया, और जनवरी 2026 तक वह प्लेटफॉर्म पर सबसे ज्यादा फॉलो किए गए कलाकार बन गए. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @arijitsingh)

फिर भी, इन आंकड़ों और सम्मान के बावजूद, अरिजीत हमेशा बेहद इंसानी लगे- अजीब इंटरव्यू, हल्की मुस्कान, साधारण शब्द, और एक आवाज़ जो जैसे आपको समझती हो. जब वह प्लेबैक सिंगिंग से दूर हो रहे हैं, तो यह अंत जैसा नहीं लगता. यह एक विराम जैसा लगता है, एक हल्की सांस. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @arijitsingh)

अरिजीत सिंह ने सिर्फ दिल टूटने वाले गाने ही नहीं दिए बल्कि उम्मीद और इंस्पिरेशन भी दी. उन्होंने ‘हवाएं’, ‘मस्त मगन’, ‘अपना बना ले’, ‘सोच ना सके’ और ‘केसरिया’ जैसे रोमांटिक गाने गाए, जिसने फिर से प्यार में पड़ने का एहसास दिलाया. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @arijitsingh)

अरिजीत सिंह के ‘इलाही’ और ‘चलेया’ जैसे गानों ने खुशी, हल्कापन और मूवमेंट जोड़ा, वहीं ‘लाल इश्क’, ‘पल’, ‘उसका ही बना’ और ‘सजनी’ जैसे गहरे गाने उन फैंस के फेवरेट बन गए जो ध्यान से सुनते थे. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @arijitsingh)

अरिजीत सिंह भले ही अब फिल्मों के लिए नहीं गाएंगे, उनके गाने बजते रहेंगे. ट्रैफिक में फंसी कारों में, रात के 2 बजे बेडरूम में, उन यादों में जिन्हें हम अभी छोड़ना नहीं सीख पाए हैं. और यही बात है अरिजीत सिंह के दौर की, उन्हें लोगों ने सिर्फ सुना नहीं, बल्कि जिया है. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @arijitsingh)
Discover more from Bollywood News
Subscribe to get the latest posts sent to your email.